हरदोई।
जनपद हरदोई के मल्लावां थाना क्षेत्र के भगवंतनगर गांव से एक बार फिर भू-माफियाओं की दबंगई और प्रशासनिक निष्क्रियता का गंभीर मामला सामने आया है। गाटा संख्या 241 की जमीन के स्वामी राजेन्द्र प्रसाद सिंह और उनके परिवार ने आरोप लगाया है कि बीते कई महीनों से भू-माफिया खुलेआम जेसीबी और डंपरों के जरिए उनकी जमीन और मंदिर की सार्वजनिक भूमि पर जबरन कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन शिकायतों के बावजूद प्रशासन आंख मूंदे बैठा है।
पीड़ित परिवार का कहना है कि 9 दिसंबर 2025 को अजीत उर्फ डगरू, रणवीर सिंह और मानसिंह यादव जेसीबी लेकर गाटा संख्या 241 पर कब्जा करने पहुंचे। विरोध करने पर गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी और सत्ता पक्ष का भय दिखाया गया। पीड़ित ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया, लेकिन थाना स्तर पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।

मामला यहीं नहीं रुका। 8 और 9 जनवरी 2026 को मानसिंह यादव पर पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में मारपीट और धमकी देने के आरोप लगे। पीड़ित का दावा है कि मंदिर की जमीन, जो अभिलेखों में दर्ज है, उस पर भी टीनशेड और मिट्टी डालकर अवैध कब्जा किया गया। विरोध करने पर उल्टा पीड़ित और उसकी पत्नी के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर लिया गया, जबकि आरोपितों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह विवाद न्यायालय में विचाराधीन है और प्रशासन द्वारा यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश भी दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद रात के अंधेरे में डंपरों से मिट्टी डलवाकर कब्जा करने के प्रयास जारी हैं। पीड़ित परिवार का आरोप है कि भू-माफियाओं को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते पुलिस और प्रशासन निष्क्रिय बने हुए हैं।
राजेन्द्र प्रसाद सिंह और उनके पुत्र राजेश कुमार ने मुख्यमंत्री, पुलिस महानिदेशक, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक तक गुहार लगाई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। परिवार का कहना है कि यदि समय रहते निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो कोई बड़ी अनहोनी से इंकार नहीं किया जा सकता।
यह मामला सिर्फ एक जमीन विवाद नहीं, बल्कि कानून-व्यवस्था, पुलिस की निष्पक्षता और आम नागरिक की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। अब देखना यह है कि शासन-प्रशासन इस गंभीर प्रकरण को कितनी गंभीरता से लेता है और भू-माफियाओं पर कब शिकंजा कसता है।
