राजस्थान के बारां जिले से पुलिस विभाग पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। जिले के केलवाड़ा थाना में कार्यरत एक पुलिसकर्मी पर एक महिला ने रिश्वत मांगने और उसके पति व भांजों को प्रताड़ित करने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने पूरे मामले की लिखित शिकायत पुलिस अधीक्षक बारां को सौंपकर निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत के अनुसार ग्राम बालदा निवासी ऊषा ने बताया कि 19 जुलाई 2026 को गांव में हुए विवाद के बाद वह अपने पति आत्माराम और दोनों भांजे सुनील तथा राजकुमार को केलवाड़ा थाना लेकर गई थी। महिला का कहना है कि घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद 23 जुलाई तक उसके पति और भांजों को शाहाबाद न्यायालय में पेश नहीं किया गया।
महिला का आरोप है कि जब वह दोबारा थाना पहुंची और देरी का कारण पूछा तो वहां तैनात पुलिसकर्मी मनोज विश्नोई बेल्ट नंबर 1358 ने उससे 15 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की। शिकायत में कहा गया है कि पुलिसकर्मी ने कथित तौर पर कहा कि पहले 15 हजार रुपये दो, उसके बाद ही तुम्हारे पति और भांजों को शाहाबाद लेकर जाएंगे।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि जब उसने पैसे देने में असमर्थता जताई तो पुलिसकर्मी ने उसके पति और भांजों के साथ मारपीट करने तथा रिमांड लेने की धमकी दी। महिला का कहना है कि इस कथित व्यवहार से उसका परिवार भय और तनाव में है।
ऊषा ने पुलिस अधीक्षक बारां को दिए गए आवेदन में मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित पुलिसकर्मी के विरुद्ध सख्त कानूनी और विभागीय कार्रवाई की जाए, ताकि आम लोगों का पुलिस व्यवस्था पर विश्वास बना रहे।
