17.6 C
Munich
Wednesday, July 22, 2026

वैभव सूर्यवंशी के लिए अब परीक्षा की घड़ी, जोफ्रा आर्चर वाली रणनीति अपना सकती है जिम्बाब्वे की टीम

Must read

वैभव सूर्यवंशी 23 जुलाई को भारत बनाम जिम्बाब्वे पहले टी20 मुकाबले में उतरने के लिए तैयार हैं, लेकिन उन्हें अपनी कमजोरी पर काम करना होगा, जो इंग्लैंड सीरीज के दौरान उजागर हो गई थी।
वैभव सूर्यवंशी एक बार फिर से इंटरनेशनल क्रिकेट के लिए मैदान में नजर आने वाले हैं। इससे पहले जब उन्होंने इंग्लैंड में अपना डेब्यू किया था, तब वे उस तरह का जलवा नहीं दिखा पाए थे, जैसी कि उन्होंने पहचान बनाई थी। इंग्लैंड ने उनकी कमजोर कड़ी पकड़ी और उन्हें जल्दी आउट करने में कामयाबी हासिल की। अब वैभव की परीक्षा का वक्त है, अगर उन्होंने इस पर काम नहीं किया तो आने वाले दिनों में मुश्किल हो सकती है। जिम्बाब्वे के गेंदबाज भी उसकी रणनीति के तहत मैदान में उतर सकते हैं।
इंग्लैंड के खिलाफ तीन मैचों में नहीं बने वैभव सूर्यवंशी से रन
बीसीसीआई ने जब आयरलैंड के खिलाफ दो टी20 मैचों की सीरीज के लिए टीम इंडिया का ऐलान किया तो उसमें वैभव सूर्यवंशी को भी मौका दिया गया। उम्मीद की जा रही थी कि वैभव को इसी सीरीज में अपना इंटरनेशनल डेब्यू मिल जाएगा, लेकिन दोनों मैचों में वे बैंच पर ही बैठे रहे। टीम जब इंग्लैंड दौरे पर गई तो वहां उन्हें अपना पहला मैच खेलने का मौका मिला। इसको लेकर जबरदस्त बज बना। लेकिन उनका पहला मैच फीका रहा। उनका आक्रामक अंदाज तो दिखा, लेकिन वे ज्यादा रन बनाने में सफल नहीं रहे। इंग्लैंड सीरीज के दौरान उन्हें तीन मैच खेलने के लिए मिले और हर बार वे जल्दी आउट होकर पवेलियन लौट गए।

तीन मैचों में छोटी छोटी पारियां खेलकर आउट हो गए वैभव
अब जब ​टीम जिम्बाब्वे दौरे पर है तो माना जा रहा है कि उन्हें तीनों मैच खेलने का मौका मिलेगा। टीम में संजू सैमसन नहीं हैं और इसलिए वैभव का रास्ता करीब करीब साफ नजर आता है। यानी उन्हें तीनों मैच बैक टू बैक खेलते हुए आप देख सकेंगे, लेकिन उन्हें खुद को इंटरनेशनल क्रिकेट में साबित करना होगा। इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में वैभव ने अपने पहले मैच मे 14 रन बनाए। इसके बाद दूसरे मैच में वे 13 रन बनाकर आउट हो गए। अपने तीसरे मुकाबले में वे 15 ही रन बना सके। यही कारण रहा कि सीरीज के आखिरी और पांचवें मैच में उन्हें प्लेइंग इलेवन से बाहर कर दिया गया।

जोफ्रा आर्चर ने शॉर्ट गेंदों से किया शिकार
दरअसल ऐसा जान पड़ता है कि इंग्लैंड के गेंदबाजों ने वैभव सूर्यवंशी पर काफी होमवर्क किया था। आईपीएल में भी ऐसा नजर आया कि वैभव को शॉर्ट गेंदों पर दिक्कत होती है। इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों खास तौर पर जोफ्रा आर्चर ने शॉर्ट बॉल पर उनकी खूब परीक्षा ली और इसी में वे फंसते हुए नजर आए। इस बीच वैभव ने अपनी इस कमजोरी पर कितना काम किया है, इसका पता जिम्बाब्वे के खिलाफ पहले मैच में चल जाएगा, जब 23 जुलाई को वे हरारे में खेलने के लिए उतरेंगे।

रिचर्ड नागरावा और ब्लेसिंग मुजरबानी खड़ी कर सकते हैं टेंशन
इंग्लैंड के पास तो तेज गेंदबाजों की अच्छी खासी फौज है, जिसमें जोफ्रा आर्चर का सामना करने से दुनियाभर के बल्लेबाज घबराते हैं। जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज रिचर्ड नागरावा और ब्लेसिंग मुजरबानी भी ऐसी ही रणनीति पर काम करते हुए नजर आ सकते हैं। अब वे शॉर्ट गेंदों का सामना कैसे करते हैं, ये देखना होगा। अगर इस तीन मैचों की सीरीज में भी वैभव के रन नहीं बने तो फिर उनके लिए आगे की राह काफी मुश्किल हो जाएगी और वे इंटनेशनल क्रिकेट के लिए फिलहाल अनफिट हो जाएंगे।

- Advertisement -spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

Latest article