पुरानी रंजिश में बाइक रोककर लाठी-डंडों से हमला करने का आरोप, जेब से रुपए छीनने की भी शिकायत; मेडिकल और CT स्कैन के बाद पुलिस जांच में जुटी
आजमगढ़। रानी की सराय थाना क्षेत्र के तमौली गांव में पुरानी रंजिश को लेकर दो नाबालिग लड़कों के साथ कथित रूप से मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित पक्ष की ओर से दी गई तहरीर और बाद में दिए गए प्रार्थना-पत्र के मुताबिक 30 जुलाई 2026 को करीब 11 बजे दिन में दोनों लड़के बाइक से संजरपुर की ओर जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में कुछ लोगों ने उनकी बाइक रुकवाकर दोनों को लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा। मारपीट में दोनों के मुंह और नाक से खून निकलने तथा बेहोश होने का दावा किया गया है।
पीड़ित पक्ष के अनुसार दोनों लड़कों में एक प्रिन्स उर्फ सत्यम और दूसरा पड़ोसी अशोक यादव का पुत्र ऋषभ यादव बताया गया है। शिकायत में कहा गया है कि दोनों किसी काम से करीब 10 हजार रुपए लेकर जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में पुरानी रंजिश को लेकर कुछ लोगों ने उन्हें घेर लिया और बाइक रोकने के बाद मारपीट शुरू कर दी।
लाठी-डंडों से पीटकर रास्ते के नीचे फेंकने का आरोप
शिकायतकर्ता पुष्पा देवी के अनुसार आरोपियों ने दोनों लड़कों को पकड़कर लाठी-डंडों से बुरी तरह पीटा। दावा है कि मारपीट इतनी गंभीर थी कि दोनों लड़के बेहोश हो गए और आरोपियों ने उन्हें रास्ते के नीचे फेंक दिया। इसके बाद उनकी जेब में रखे करीब 10 हजार रुपए भी छीन लिए जाने का आरोप लगाया गया है।
घायल लड़कों को ट्यूवेल के पास देखने की बात सामने आई
प्रार्थना-पत्र में बताया गया है कि बाद में दोनों घायल लड़के अशोक यादव के ट्यूवेल के पास दिखाई दिए। शिकायत के अनुसार रात में अशोक यादव की पत्नी सरिता यादव जब वहां पहुंचीं तो दोनों को देखकर घबरा गईं। इसके बाद आसपास के लोगों की मदद से दोनों घायल लड़कों को अस्पताल पहुंचाया गया।
मालटारी में इलाज, फिर अस्पताल से किया गया रेफर
परिजनों और ग्रामीणों की मदद से दोनों घायलों को मालटारी, आजमगढ़ स्थित अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया गया। अगले दिन घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। शिकायत के मुताबिक रानी की सराय पुलिस दोनों चोटिलों को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिलरियागंज ले गई, जहां से उनकी हालत को देखते हुए सदर अस्पताल आजमगढ़ रेफर किया गया।
CT स्कैन और एक्स-रे के बाद हालत नाजुक होने का दावा
पीड़ित पक्ष के अनुसार 5 अगस्त 2026 को सदर अस्पताल आजमगढ़ में दोनों घायलों का एक्स-रे और CT स्कैन कराया गया। शिकायत में दोनों की हालत अभी भी नाजुक होने का दावा किया गया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि हमलावरों ने दोनों को गंभीर नुकसान पहुंचाने की कोशिश की थी।
पहली तहरीर में मारपीट और धमकी का आरोप
पुलिस को दी गई प्रारंभिक तहरीर में पुष्पा देवी ने आरोप लगाया कि 30 जुलाई को करीब 11 बजे दिन में उनके पुत्र प्रिन्स और पड़ोसी का लड़का ऋषभ यादव बाइक से जा रहे थे। इसी दौरान पूर्व रंजिश के चलते कुछ लोगों ने उन्हें लाठी-डंडों और लात-घूंसों से पीटा। तहरीर में दोनों के घायल होने और जान से मारने की धमकी दिए जाने का भी उल्लेख है।
FIR में धाराओं के तहत जांच
मामले में मु0अ0सं0 208/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 352 और 351(3) का उल्लेख किया गया है। पुलिस दस्तावेज के अनुसार मामले की विवेचना उपनिरीक्षक विनोद यादव को सौंपी गई है। शिकायतकर्ता ने विवेचना के दौरान अपने विस्तृत प्रार्थना-पत्र में बताए गए तथ्यों को भी शामिल करने की मांग की है।
पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग
पीड़ित पक्ष का कहना है कि घटना को केवल सामान्य मारपीट का मामला मानकर जांच नहीं की जानी चाहिए, क्योंकि दोनों घायल नाबालिग बताए गए हैं और उनके गंभीर रूप से घायल होने का दावा किया गया है। परिवार ने पुलिस से आरोपियों की भूमिका, घटना के वास्तविक कारण, कथित रुपए छीने जाने और दोनों युवकों को रास्ते के नीचे फेंके जाने के आरोप की भी जांच कराने की मांग की है।
मामले में अब मेडिकल रिपोर्ट, एक्स-रे, CT स्कैन, घटनास्थल की जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान महत्वपूर्ण होंगे। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर पुलिस यह स्पष्ट कर सकेगी कि घटना किस प्रकार हुई और आरोपों में नामजद लोगों की भूमिका क्या रही।
