जैसलमेर। राजस्थान के जैसलमेर जिले के ग्राम पंचायत ढकलवाला खूब सरपंच अल्लाजावाखान क्षेत्र में एनयूडी अपर नहर से सिंचाई और पेयजल आपूर्ति को लेकर किसानों और ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नहर के बीच रास्ते में कुछ लोगों ने अवैध रूप से मेड़ (थल) बांधकर पानी रोक रखा है। इसके बाद मोटर और पाइप के जरिए सीधे अपने खेतों और डिग्गियों में पानी पहुंचाया जा रहा है, जिससे नहर के अंतिम हिस्से तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है।
ग्रामीणों के अनुसार, चक संख्या 9, 10, 12 और 13 के आसपास नहर में बड़े-बड़े थल बनाकर पानी रोका जा रहा है। आरोप है कि कुछ लोग मोटर लगाकर नहर का पानी सीधे अपने खेतों में ले जा रहे हैं और उसी पानी से मूंगफली की फसल की सिंचाई कर रहे हैं। दूसरी ओर नहर पर निर्भर आगे के किसान और ग्रामीण पानी के अभाव से जूझ रहे हैं। उनका कहना है कि स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि कई परिवारों को दैनिक जरूरतों और पीने के पानी तक के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है।
स्थानीय लोगों का यह भी दावा है कि मोती क्षेत्र के पास रोड 1120 के निकट नहर क्षतिग्रस्त (फटने) की स्थिति में है, जिससे पानी की आपूर्ति और प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार सिंचाई विभाग के कर्मचारियों को इसकी जानकारी दी गई, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उनका कहना है कि विभागीय उदासीनता के कारण अवैध रूप से पानी रोकने वालों के हौसले बढ़ते जा रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, मौके पर बगरू राम बिश्नोई नाम का एक व्यक्ति मिला, जबकि अन्य लोग कथित रूप से नहर में मेड़ लगाकर वहां से चले गए। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते नहर से अवैध रूप से पानी रोकने और मोटर-पाइप के जरिए पानी लेने पर रोक नहीं लगी तो आगे के सैकड़ों किसानों की फसलें प्रभावित होंगी और ग्रामीणों के सामने पेयजल संकट और गहरा जाएगा।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और सिंचाई विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने तथा नहर का पानी अंतिम छोर तक समान रूप से पहुंचाने की मांग की है।
