सेपली गांव। तकरोल लोचा पंचायत के अंतर्गत आने वाले सेपली गांव में पेयजल संकट को लेकर गणेश अग्वासी पिछले तीन साल से परेशान हैं। उनका आरोप है कि गांव में पानी की व्यवस्था ठीक नहीं है और कई नल खराब पड़े हैं, जिनसे ग्रामीणों को पानी नहीं मिल पा रहा है। इस समस्या को लेकर पंचायत में कई बार शिकायत करने के बावजूद अब तक कोई ठोस समाधान नहीं हुआ है। लगातार परेशानी झेल रहे ग्रामीण अब जिम्मेदार अधिकारियों से कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
गणेश अग्वासी का कहना है कि गांव में पानी की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। लोगों को उम्मीद थी कि पंचायत प्रशासन उनकी शिकायत पर ध्यान देकर खराब नलों की मरम्मत करवाएगा और पानी की आपूर्ति सुचारु करेगा, लेकिन तीन साल बीत जाने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। उनका आरोप है कि शिकायत करने पर आश्वासन तो मिलता है, लेकिन मौके पर समस्या दूर करने के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए जाते।
सरकारी गड्ढे से मोटर और डीपी गायब, ग्रामीणों ने उठाए सवाल
गणेश अग्वासी ने सरकारी गड्ढे में लगी मोटर और डीपी को लेकर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सरकारी गड्ढे में मोटर और डीपी मौजूद थी, लेकिन अब वहां देखने पर उन्हें कुछ नहीं मिला। मोटर और डीपी कहां गईं, इसकी जानकारी ग्रामीणों को नहीं है।
गणेश अग्वासी के मुताबिक, उन्हें नहीं पता कि सरकारी सामान किसने हटाया या कौन लेकर गया। उन्होंने इस संबंध में सवाल उठाया कि आखिर मोटर और डीपी कहां गईं और उनकी जिम्मेदारी किसकी है। हालांकि, सामान किसने हटाया, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में संबंधित अधिकारियों से मामले की जांच कराने और सरकारी सामान की स्थिति स्पष्ट करने की मांग की जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि सरकारी गड्ढे में पानी की व्यवस्था के लिए मोटर और अन्य उपकरण लगाए गए थे, तो उनकी वर्तमान स्थिति की जांच होनी चाहिए। अधिकारियों को यह पता लगाना चाहिए कि सामान वहां से कब और कैसे हटाया गया, ताकि मामले की वास्तविक स्थिति सामने आ सके।
सरपंच और पंचायत सदस्यों से शिकायत, फिर भी नहीं मिली राहत
गणेश अग्वासी ने तकरोल लोचा पंचायत के सरपंच तुलसीदास गुर्जर और पंचायत सदस्यों के सामने भी समस्या रखने की बात कही है। उनका आरोप है कि शिकायत करने के बावजूद खराब नलों की मरम्मत और पेयजल व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
उनका कहना है कि गांव के लोगों को पानी जैसी बुनियादी सुविधा के लिए लंबे समय से परेशानी झेलनी पड़ रही है। पंचायत स्तर पर समस्या का समाधान नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है। हालांकि, इस मामले में पंचायत प्रशासन का पक्ष सामने आना बाकी है।
खराब बिजली व्यवस्था ने भी बढ़ाई ग्रामीणों की परेशानी
गांव में पानी के संकट के साथ बिजली व्यवस्था को लेकर भी शिकायत की गई है। गणेश अग्वासी के अनुसार, बिजली से जुड़ी समस्याओं के कारण ग्रामीणों को अतिरिक्त परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पानी और बिजली जैसी आवश्यक सुविधाओं की समस्या के बीच गांव के लोग राहत का इंतजार कर रहे हैं।
ग्रामीणों की मांग है कि संबंधित विभाग गांव की स्थिति का निरीक्षण करे और पेयजल तथा बिजली व्यवस्था में सुधार के लिए जरूरी कदम उठाए। उनका कहना है कि बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को लंबे समय तक नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
तीन साल से इंतजार, अब स्थायी समाधान की मांग
गणेश अग्वासी ने पंचायत प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि गांव में खराब पड़े नलों की मरम्मत कराई जाए, पानी की आपूर्ति सुचारु की जाए और बिजली व्यवस्था में सुधार किया जाए। इसके साथ ही सरकारी गड्ढे से मोटर और डीपी गायब होने के मामले की जांच कराई जाए, ताकि पता चल सके कि सरकारी सामान कहां गया और उसकी जिम्मेदारी किसकी है।
अब सवाल यह है कि तीन साल से चली आ रही पेयजल समस्या पर संबंधित विभाग कब ध्यान देगा और सरकारी मोटर तथा डीपी के संबंध में स्थिति कब स्पष्ट होगी। ग्रामीणों को उम्मीद है कि अधिकारी मामले का संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच करेंगे और समस्याओं का स्थायी समाधान करेंगे, ताकि सेपली गांव के लोगों को पानी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए परेशान न होना पड़े।
